सोना री कुंडी राजा रूपा री जारी गोपीचन्द राजा

सोना री कुंडी राजा रूपा री जारी गोपीचन्द राजा

सोना री कुंडी राजा,
रूपा री जारी,
गोपीचन्द राजा,
नाया री डीकरा,
माता रा लाला,
ए गोपीचन्द राजा,
अरे स्नान करवा बैठा,
नाया रा डीकरा,
स्नान करवा बैठा हो जे,
स्नान करवा बैठा हो जे।।



अरे बिना बिजलीया छोरा,

बिना बादलीया नायो रा छोकरा,
आ ठंडी ठंडी लेहर,
कटासु आवे हो जे,
आ हवा कटासु आवे हो जे।।



हाथ सु कहुतो राजा,

हाथ कटीजे गोपीचन्द राजा,
मुखडा सु कयो नही जावे हो जे,
हाथा सु बतायो नहीं जावे हो जे,
निजरा सु बतायो नहीं जावे हो जे।।



आज री बाता तो छोरा,

भाई ने कहीजे,
नायो रा छोकरा,
अरे देखी जेडी कहीजे हो जे,
अरे सुनी जेडी कहीजे हो जे,
अरे भाली जेडी कहीजे हो जे।।



अरे बादलीया मेहला मे राजा,

जरणी तो रोवे गोपीचन्द राजा,
आ जनम जोगनी रोवे हो जे,
आ माता थारी रोवे हो जे।।



अरे मारे शहर में माजी,

दुखीयानी जानीया,
मारी जगत जोगनी,
अरे सुखीयो शहर कहावे हो जे,
अरे नर नारी सब सुखीया हो जे।।



अरे मनडो वैरागी राजा,

दिलडो उदास गोपीचन्द राजा,
अरे जीव जोग मे लागो हो जे,
अरे जीव भक्ति में लागो हो जे,
अरे मन भक्ति में लागो हो जे।।



सोना री कुंडी राजा,

रूपा री जारी,
गोपीचन्द राजा,
नाया री डीकरा,
माता रा लाला,
ए गोपीचन्द राजा,
अरे स्नान करवा बैठा,
नाया रा डीकरा,
स्नान करवा बैठा हो जे,
स्नान करवा बैठा हो जे।।

गायक – गायक प्रकाश माली जी।
प्रेषक – मनीष सीरवी
9640557818


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